मैक्स हाॅस्पिटल गुरुग्राम ने कैंसर की रोकथाम के लिए चलाया जागरूकता अभियान
| 04 Sep 2019

मैक्स हाॅस्पिटल गुरुग्राम ने कैंसर की रोकथाम के लिए चलाया जागरूकता अभियान

उत्तर भारत में प्रमुख स्वास्थ्य सेवा प्रदाता, मैक्स हॉस्पिटल्स, गुरुग्राम ने कैंसर के बढ़ते मामलों, कैंसर की पहचान, इलाज, इस क्षेत्र में हुई प्रगति और इस जानलेवा बीमारी की रोकथाम के लिए लोगों को जागरूक करने के लिए आज रेवाड़ी में एक जन जागरूकता अभियान / कार्यक्रम का आयोजन किया। इस अवसर पर मैक्स हाॅस्पिटल्स, गुरुग्राम के मेडिकल ऑन्कोलॉजी की निदेषक डॉ. भावना सिरोही उपस्थित थीं।

भारतीय चिकित्सा अनुसंधान परिशद (आईसीएमआर) के आंकड़ों के अनुसार, पिछले 26 वर्षों में कैंसर के मामलों में दोगुना वृद्धि हो गयी है। 2016 में, भारत में 14 लाख कैंसर रोगी थे, और यह संख्या बढ़ रही है। भारत में कैंसर के सभी मामलों में से 41 प्रतिशत कैंसर केवल स्तन कैंसर, गर्भाषय कैंसर, मुंह के कैंसर और फेफड़े के होते हैं। भारत में, हर साल 450,000 फौलो अप मरीज होते हैं और भारत में हर साल कैंसर के 50 हजार नए मरीजों का पंजीकरण होता है जबकि कैंसर चिकित्सा विषेशज्ञों की संख्या सीमित है।

भारत में कैंसर के कारण केवल हरियाणा में ही मृत्यु दर लगभग 39 प्रतिषत है। यह अनुमान लगाया गया है कि 2020 तक लगभग 17 लाख कैंसर के नए मामले दर्ज किए जाएंगे, और हरियाणा में तब तक कैंसर के लगभग 6 लाख नए मामले दर्ज होने की उम्मीद है। विशेष रूप से गुरुग्राम, रेवाड़ी, पानीपत, सोनीपत, करनाल और फरीदाबाद सहित इन क्षेत्रों में तेजी से औद्योगीकरण और स्वच्छता के अभाव को कैंसर के मुख्य कारण के लिए जिम्मेदार ठहराया जा सकता है।

मैक्स हाॅस्पिटल, गुरुग्राम के मेडिकल ऑन्कोलॉजी की निदेशक डॉ. भावना सिरोही ने कहा, “कुछ प्रकार के कैंसर से पीड़ित रोगियों की संख्या में वृद्धि होने के बावजूद जागरूकता की कमी के कारण लोग आम तौर पर शुरुआती लक्षणों की उपेक्षा करते हैं और अक्सर बीमारी के उन्नत चरण में अस्पताल पहुंचते हैं। कैंसर के इलाज के बारे में जागरूकता पैदा करना और जीवन षैली में थोड़ा सुधार करके और स्व-परीक्षण सहित इसे रोकने के उपायों के बारे में जानना महत्वपूर्ण है। हालांकि इसकी जांच और इलाज के लिए बेहतर और उन्नत प्रौद्योगिकियां उपलब्ध हैं, लेकिन शुरुआती पहचान के तरीकों के बारे में लोगों को जानकारी देना भी उतना ही महत्वपूर्ण है क्योंकि इसके लक्षणों की उपेक्षा की जाती है और इस कारण इसकी देर से पहचान की जाती है।’’

अधिकांश रोगियों को कैंसर के इलाज के लिए उपलब्ध उन्नत उपचार विकल्पों के बारे में जानकारी नहीं है। मैक्स हेल्थकेयर ने पिछले दो वर्षों में हजारों रोगियों का इलाज किया है और उनमें से अधिकांश बेहतर गुणवत्ता पूर्ण जीवन जी रहे हैं। सभी प्रकार के कैंसर के प्रबंधन में जोखिम कारकों और प्रारंभिक पहचान के महत्व के बारे में लोगों को जागरुक करने की आवश्यकता है। भविष्य की जटिलताओं को रोकने के लिए लोगों को प्रारंभिक लक्षणों के बारे में जानकारी होनी चाहिए। प्रारंभिक लक्षणों की अनदेखी के कारण गांठ बढ़ सकता है और कैंसर पैदा करने वाले घातक ट्यूमर में परिवर्तित हो सकता है।

मैक्स हाॅस्पिटल, गुरुग्राम के मेडिकल ऑन्कोलॉजी की निदेशक डॉ. भावना सिरोही ने कहा, ““भारत में कैंसर विशेषज्ञों की संख्या सीमित है। यहां सालाना 5 लाख से अधिक फॉलो अप वाले मरीज आते हैं और हर साल 3 लाख नए रोगियों का पंजीकरण होता है। लोगों को जागरूक होना चाहिए और समझना चाहिए कि उपलब्ध नवीनतम और उन्नत उपचार विकल्पों की मदद से रोग मुक्त होना और जटिल मामलों में भी बेहतर गुणवत्ता पूर्ण जीवन जीना संभव है। लीनियर एक्सीलरेटर जैसी मिनिमली इनवेसिव तकनीक, साइबर नाइफ जैसी कंप्यूटर एडेड एडवांस तकनीक ने कैंसर के इलाज में क्रांति ला दी है।’’

मैक्स हाॅस्पिटल गुरुग्राम ने हाल ही में गुरुग्राम में एक अत्याधुनिक, नवीनतम डेकेयर कैंसर केंद्र की शुरुआत की है, जो न केवल गुरुग्राम के मरीजों को बल्कि आस-पास के जिलों - रेवाड़ी, झज्जर और मेवात के मरीजों को भी स्वास्थ्य सेवा उपलब्ध कराएगा।

अत्याधुनिक प्रौद्योगिकी के साथ, विशेष नैदानिक दृष्टिकोण और बेहतरीन निदान क्षमताओं की मदद से मैक्स हेल्थकेयर कैंसर का पता अत्यंत सूक्ष्म अवस्था में ही लगा सकता है और साथ ही साथ बहुत अधिक बढ़ चुके कैंसर का भी इलाज कर सकता है। मैक्स हाॅस्पिटल का एक लाभ यह है कि यह 14 अस्पतालों का नेटवर्क है और विभिन्न विषेशज्ञताओं में इसकी उपचार की क्षमता अग्रणी है और इसके कारण यह बहुत ही व्यापक स्वास्थ्य सेवा प्रदान करने में सक्षम है।